Published on October 10, 2021 5:19 pm by MaiBihar Media
कोयला संकट के कारण राजधानी दिल्ली में बिजली गुल होने की संभावनाओं पर आज यानी रविवार को केंद्रीय ऊर्जा मंत्री ने प्रतिक्रिया दी है। मंत्री ने कहा कि बिजली सकंट को लेकर कोई चिंता करने की बात नहीं है। कोयला के स्टॉक पर हमारी नजर है। आगे उन्होंने कहा कि दिल्ली में ना अभी बिजली का कोई संकट है और ना आने वाले दिनों में होगा। उन्होंने कहा कि हमारे पास कोयले का भरपूर स्टॉक है, कोयला संकट को बेवजह प्रचारित किया गया है।
क्यों हुई पैनिक स्थिति
आरके सिंह ने कहा कि बिना आधार के ये पैनिक इसलिए हुआ क्योंकि गेल ने दिल्ली के डिस्कॉम को एक मैसेज भेज दिया कि वो बवाना के गैस स्टेशन को गैस देने की कार्रवाई एक या दो दिन बाद बंद करेगा। वो मैसेज इसलिए भेजा क्योंकि उसका कांट्रैक्ट समाप्त हो रहा है। मालूम हो कि उक्त बात मंत्री ने दिल्ली में डिस्कॉम के साथ बैठक की अध्यक्षता करने के बाद दी। उन्होंने बताया कि आज सभी पदाधिकारियों की बैठक बुलाई थी। दिल्ली में जितनी बिजली की आवश्यकता है, उतनी बिजली की आपूर्ति हो रही है और होती रहेगी। उन्होंने कहा कि बैठक में गेल के भी सीएमडी आए हुए थे हमने उन्हें कहा है कि कांट्रैक्ट बंद हो या नहीं, गैस के स्टेशन को जितनी गैस की जरूरत है उतनी गैस आप देंगे।
कोयले के स्टॉक बढ़ाने पर भी हो रहा है कार्य
हमारे पास आज के दिन में कोयले का चार दिन से ज़्यादा का औसतन स्टॉक है, हमारे पास प्रतिदिन स्टॉक आता है। कल जितनी खपत हुई, उतना कोयले का स्टॉक आया। पहले की तरह कोयले का 17 दिन का स्टॉक नहीं है लेकिन 4 दिन का स्टॉक है। कोयले की ये स्थिति इसलिए है क्योंकि हमारी मांग बढ़ी है और हमने आयात कम किया है। हमें कोयले की अपनी उत्पादन क्षमता बढ़ानी है हम इसके लिए कार्रवाई कर रहे हैं।
नहीं है बिजली संकट का खतरा- केंद्रीय कोयला मंत्री प्रह्लाद जोशी
वहीं, बिजली संकट को लेकर मीडियाकर्मियों से बातचीत में केंद्रीय कोयला मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बताया कि बिजली आपूर्ति बाधित होने का बिल्कुल भी खतरा नहीं है। कोल इंडिया लिमिटेड के पास 24 दिनों की कोयले की मांग के बराबर 43 मिलियन टन का पर्याप्त कोयले का स्टॉक है।
