Published on August 8, 2021 11:22 pm by MaiBihar Media
जम्मू-कश्मीर में टेरर फंडिंग मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने बड़ी कार्रवाई की। खबर है कि एनआई ने स्थानीय पुलिस और सीआरपीएफ की सहायता से रविवार को जम्मू-कश्मीर में लगभग 56 स्थानों पर छापेमारी की है। बताया जा रहा है कि एनआई ने प्रतिबंध संगठन जमात-ए-इस्लामी के खिलाफ दर्ज एक मामले के सिलसिले में यह छापेमारी की है। इस बाबत एनआई के प्रवक्ता ने कहा, प्रतिबंधित संगठन के पदाधिकारियों, सदस्यों और कथित तौर पर जमात ए इस्लामी द्वारा संचालित ट्रस्ट के कार्यालय परिसरों में आज तलाशी अभियान चलाया गया।
इस बाबात एनआई के एक प्रवक्ता ने कहा कि एनआई ने कश्मीर के सभी दस जिलों और जम्मू प्रांत के चार जिलों के 56 स्थानों पर संयुक्त छापेमारी की। एनआईए की एक वरिष्ठ टीम ऑपरेशन करने के लिए नई दिल्ली से श्रीनगर के लिए रवाना हुई है। आगे बताया कि इस संबंध में जांच निकाय ने दस्तावेजों और डिजिटल उपकरणों को जब्त कर लिया है और इसे जमात ए इस्लामी के खिलाफ सबसे बड़ी कार्रवाई में से एक सफल कर्रवाई कहा जाता है।
वक्ता ने बताया है कि अभियान के दौरान संदिग्धो के परिसर से विभिन्न इलेक्टॉनिक उपकरण और आपत्तिजनक दस्तावेज जब्त किए गए है। जानकारी देते हुए कहा, केंद्र ने फरवरी 2019 में आतंकवाद रोधी कानूनों के तहत इस आधार पर जमात-ए-इस्लामी को पांच साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया था और वह आतंकवादी संगठनों के करीबी संपर्क में था और उसके पूर्ववर्ती राज्य में अलगाववादी आंदोलन को बढ़ाने की आशंका थी। उन्होंने आगे कहा, फरवरी 2018 में संगठन पर प्रतिबंध लगाए जाने के बावजूद जमात इस्लामी की अलगाववादी गतिविधियों में संलिप्तता के चलते गृह मंत्रालय के आदेश पर एनआईए ने पांच फरवरी 2021 को एक मामला दर्ज किया था।
आपको बता दें कि विगत दिनों गृह मंत्रालय ने सुरक्षा मामलों पर प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली एक उच्च स्तरीय बैठक की थी। जिसमें गैरकानूनी गतिविधियां(रोकथाम) अधिनियम के तहत इस समूह को प्रतिबंध करने वाली अधिसूचना जारी की थी। मालूम हो कि जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म करने और उसे दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित करने से कुछ महीने पहले ही यह प्रतिबंध लगाया गया। इसके बाद जम्मू-कश्मीर में जमात ए इस्लामी के सैकड़ों सदस्यों को गिरफ्तार किया गया।
